07 Oct 2026, 01:27 PM
Aaj Ka Panchang 7 October 2026: अभिजीत नहीं, द्वादशी और मघा श्राद्ध कब करें?
ABP News
@abpnews
<p style="text-align: justify;"><strong>Aaj Ka Panchang:</strong> 7 अक्टूबर 2026, बुधवार को द्वादशी और मघा श्राद्ध है. आज अभिजीत मुहूर्त नहीं है, लेकिन श्राद्ध के लिए कुतुप, रौहिण और अपराह्न समय बना हुआ हैं. इंदिरा एकादशी का पारण सुबह होगा. नई दिल्ली-NCR में द्वादशी रात 11:16 बजे तक और मघा नक्षत्र रात 9:40 बजे तक रहेगा.</p>
<p style="text-align: justify;">आज दोपहर का समय देखते हुए एक फर्क समझना जरूरी है. नया शुभ काम शुरू करने का मुहूर्त और पितरों का श्राद्ध करने का समय अलग नियमों से तय होते हैं. इसलिए अभिजीत उपलब्ध नहीं होने या राहुकाल पड़ने की जानकारी को श्राद्ध की तारीख बदलने का आधार न बनाएं.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज का पंचांग एक नजर में</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;">वार- बुधवार</li>
<li style="text-align: justify;">तिथि-&nbsp; कृष्ण द्वादशी, रात 11:16 बजे तक, इसके बाद त्रयोदशी</li>
<li style="text-align: justify;">नक्षत्र-&nbsp; मघा, रात 9:40 बजे तक, फिर पूर्वाफाल्गुनी</li>
<li style="text-align: justify;">योग-&nbsp; शुभ, 8 अक्टूबर की सुबह 2:52 बजे तक</li>
<li style="text-align: justify;">करण-&nbsp; कौलव, सुबह 11:53 बजे तक, फिर तैतिल</li>
<li style="text-align: justify;">चंद्र राशि-&nbsp; सिंह, पूरे दिन</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्य राशि-&nbsp; कन्या</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्योदय-&nbsp; सुबह 6:17 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्यास्त-&nbsp; शाम 6 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">राहुकाल-&nbsp; दोपहर 12:09 से 1:37 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">अभिजीत मुहूर्त- नहीं</li>
</ul>
<h3 style="text-align: justify;">अभिजीत नहीं है, फिर श्राद्ध कैसे होगा?</h3>
<p style="text-align: justify;">अभिजीत सामान्य शुभ कार्यों के लिए देखा जाने वाला मुहूर्त है. पितृपक्ष के श्राद्ध में कुतुप, रौहिण और अपराह्न काल का महत्व है. इसलिए आज अभिजीत नहीं होने का अर्थ यह नहीं कि श्राद्ध का समय भी उपलब्ध नहीं है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">नई दिल्ली-NCR के लिए श्राद्ध समय</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;">कुतुप मुहूर्त सुबह 11:45 से दोपहर 12:32 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">रौहिण मुहूर्त दोपहर 12:32 से 1:19 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">अपराह्न काल दोपहर 1:19 से 3:40 बजे</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">इन तीनों अवधियों में द्वादशी तिथि और मघा नक्षत्र मौजूद रहेंगे. परिवार की विधि के अनुसार श्राद्ध की व्यवस्था इसी समय में करें.</p>
<h3 style="text-align: justify;">द्वादशी और मघा श्राद्ध में क्या अंतर है?</h3>
<p style="text-align: justify;">द्वादशी श्राद्ध तिथि पर आधारित है. जिन पितरों का निधन द्वादशी पर हुआ था, उनका श्राद्ध इस दिन किया जाता है. संन्यास ग्रहण करने वाले पूर्वजों के लिए भी द्वादशी श्राद्ध की परंपरा है. इसे यति या संन्यासी श्राद्ध कहते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;">मघा श्राद्ध का निर्णय नक्षत्र से होता है. इस वर्ष दोनों 7 अक्टूबर को हैं. यह दो तिथियों का मेल नहीं है. एक का आधार द्वादशी तिथि है और दूसरे का मघा नक्षत्र. इससे आप अपने परिवार की श्राद्ध तिथि और पंचांग में नक्षत्र का अंतर समझ सकते हैं.</p>
<h3 style="text-align: justify;">इंदिरा एकादशी का पारण सुबह कब करें?</h3>
<p style="text-align: justify;">6 अक्टूबर को इंदिरा एकादशी का व्रत रखने वालों के लिए आज पारण है. पंचांग अनुसार सुबह 6:17 से 8:38 बजे तक पारण कर सकते हैं. पारण में सूर्योदय के बाद प्रातःकाल और हरिवासर का विचार किया जाता है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज दिन में कब बदलेगा पंचांग?</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;"><strong>सुबह 11:53 बजे:</strong> कौलव करण समाप्त होगा और तैतिल शुरू होगा.</li>
<li style="text-align: justify;"><strong>रात 9:40 बजे:</strong> मघा समाप्त होकर पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र शुरू होगा.</li>
<li style="text-align: justify;"><strong>रात 11:16 बजे:</strong> द्वादशी समाप्त होगी और त्रयोदशी शुरू होगी.</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">नक्षत्र बदलने पर भी चंद्रमा सिंह राशि में रहेगा. आज चंद्र राशि परिवर्तन नहीं है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज का राहुकाल और अन्य मुहूर्त</h3>
<p style="text-align: justify;">यमगण्ड सुबह 7:45 से 9:13 बजे, गुलिक काल सुबह 10:41 से दोपहर 12:09 बजे और दुर्मुहूर्त सुबह 11:45 से दोपहर 12:32 बजे तक है. ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:39 से 5:28 बजे, विजय मुहूर्त दोपहर 2:06 से 2:53 बजे और गोधूलि शाम 6 से 6:25 बजे है. चंद्रास्त दोपहर 3:57 बजे होगा. चंद्रोदय 8 अक्टूबर की सुबह 3:54 बजे है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज की 3 जरूरी बातें</h3>
<p style="text-align: justify;">1. अभिजीत नहीं है, लेकिन श्राद्ध के निर्धारित समय रहेगा.<br />2. एकादशी पारण सुबह और श्राद्ध दोपहर में है.<br />3. मघा रात 9:40 बजे समाप्त होगी, चंद्रमा सिंह में ही रहेगा.</p>
<h3 style="text-align: justify;">FAQ</h3>
<p style="text-align: justify;"><strong>7 अक्टूबर 2026 को कौन सी तिथि है?</strong><br />नई दिल्ली के Panchang के अनुसार कृष्ण द्वादशी रात 11:16 बजे तक रहेगी. इसके बाद त्रयोदशी शुरू होगी.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>द्वादशी और मघा श्राद्ध 2026 कब हैं?</strong><br />दोनों बुधवार, 7 अक्टूबर 2026 को हैं. द्वादशी श्राद्ध तिथि और मघा श्राद्ध नक्षत्र पर आधारित है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>क्या 7 अक्टूबर को अभिजीत मुहूर्त है?</strong><br />नई दिल्ली के पंचांग में आज अभिजीत मुहूर्त उपलब्ध नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>7 अक्टूबर को दिल्ली में राहुकाल कब है?</strong><br />दोपहर 12:09 से 1:37 बजे तक.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आज मघा नक्षत्र कब तक रहेगा?</strong><br />रात 9:40 बजे तक. इसके बाद पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र शुरू होगा.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.</strong></p>
<p style="text-align: justify;">आज दोपहर का समय देखते हुए एक फर्क समझना जरूरी है. नया शुभ काम शुरू करने का मुहूर्त और पितरों का श्राद्ध करने का समय अलग नियमों से तय होते हैं. इसलिए अभिजीत उपलब्ध नहीं होने या राहुकाल पड़ने की जानकारी को श्राद्ध की तारीख बदलने का आधार न बनाएं.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज का पंचांग एक नजर में</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;">वार- बुधवार</li>
<li style="text-align: justify;">तिथि-&nbsp; कृष्ण द्वादशी, रात 11:16 बजे तक, इसके बाद त्रयोदशी</li>
<li style="text-align: justify;">नक्षत्र-&nbsp; मघा, रात 9:40 बजे तक, फिर पूर्वाफाल्गुनी</li>
<li style="text-align: justify;">योग-&nbsp; शुभ, 8 अक्टूबर की सुबह 2:52 बजे तक</li>
<li style="text-align: justify;">करण-&nbsp; कौलव, सुबह 11:53 बजे तक, फिर तैतिल</li>
<li style="text-align: justify;">चंद्र राशि-&nbsp; सिंह, पूरे दिन</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्य राशि-&nbsp; कन्या</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्योदय-&nbsp; सुबह 6:17 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">सूर्यास्त-&nbsp; शाम 6 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">राहुकाल-&nbsp; दोपहर 12:09 से 1:37 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">अभिजीत मुहूर्त- नहीं</li>
</ul>
<h3 style="text-align: justify;">अभिजीत नहीं है, फिर श्राद्ध कैसे होगा?</h3>
<p style="text-align: justify;">अभिजीत सामान्य शुभ कार्यों के लिए देखा जाने वाला मुहूर्त है. पितृपक्ष के श्राद्ध में कुतुप, रौहिण और अपराह्न काल का महत्व है. इसलिए आज अभिजीत नहीं होने का अर्थ यह नहीं कि श्राद्ध का समय भी उपलब्ध नहीं है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">नई दिल्ली-NCR के लिए श्राद्ध समय</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;">कुतुप मुहूर्त सुबह 11:45 से दोपहर 12:32 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">रौहिण मुहूर्त दोपहर 12:32 से 1:19 बजे</li>
<li style="text-align: justify;">अपराह्न काल दोपहर 1:19 से 3:40 बजे</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">इन तीनों अवधियों में द्वादशी तिथि और मघा नक्षत्र मौजूद रहेंगे. परिवार की विधि के अनुसार श्राद्ध की व्यवस्था इसी समय में करें.</p>
<h3 style="text-align: justify;">द्वादशी और मघा श्राद्ध में क्या अंतर है?</h3>
<p style="text-align: justify;">द्वादशी श्राद्ध तिथि पर आधारित है. जिन पितरों का निधन द्वादशी पर हुआ था, उनका श्राद्ध इस दिन किया जाता है. संन्यास ग्रहण करने वाले पूर्वजों के लिए भी द्वादशी श्राद्ध की परंपरा है. इसे यति या संन्यासी श्राद्ध कहते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;">मघा श्राद्ध का निर्णय नक्षत्र से होता है. इस वर्ष दोनों 7 अक्टूबर को हैं. यह दो तिथियों का मेल नहीं है. एक का आधार द्वादशी तिथि है और दूसरे का मघा नक्षत्र. इससे आप अपने परिवार की श्राद्ध तिथि और पंचांग में नक्षत्र का अंतर समझ सकते हैं.</p>
<h3 style="text-align: justify;">इंदिरा एकादशी का पारण सुबह कब करें?</h3>
<p style="text-align: justify;">6 अक्टूबर को इंदिरा एकादशी का व्रत रखने वालों के लिए आज पारण है. पंचांग अनुसार सुबह 6:17 से 8:38 बजे तक पारण कर सकते हैं. पारण में सूर्योदय के बाद प्रातःकाल और हरिवासर का विचार किया जाता है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज दिन में कब बदलेगा पंचांग?</h3>
<ul style="text-align: justify;">
<li style="text-align: justify;"><strong>सुबह 11:53 बजे:</strong> कौलव करण समाप्त होगा और तैतिल शुरू होगा.</li>
<li style="text-align: justify;"><strong>रात 9:40 बजे:</strong> मघा समाप्त होकर पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र शुरू होगा.</li>
<li style="text-align: justify;"><strong>रात 11:16 बजे:</strong> द्वादशी समाप्त होगी और त्रयोदशी शुरू होगी.</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">नक्षत्र बदलने पर भी चंद्रमा सिंह राशि में रहेगा. आज चंद्र राशि परिवर्तन नहीं है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज का राहुकाल और अन्य मुहूर्त</h3>
<p style="text-align: justify;">यमगण्ड सुबह 7:45 से 9:13 बजे, गुलिक काल सुबह 10:41 से दोपहर 12:09 बजे और दुर्मुहूर्त सुबह 11:45 से दोपहर 12:32 बजे तक है. ब्रह्म मुहूर्त सुबह 4:39 से 5:28 बजे, विजय मुहूर्त दोपहर 2:06 से 2:53 बजे और गोधूलि शाम 6 से 6:25 बजे है. चंद्रास्त दोपहर 3:57 बजे होगा. चंद्रोदय 8 अक्टूबर की सुबह 3:54 बजे है.</p>
<h3 style="text-align: justify;">आज की 3 जरूरी बातें</h3>
<p style="text-align: justify;">1. अभिजीत नहीं है, लेकिन श्राद्ध के निर्धारित समय रहेगा.<br />2. एकादशी पारण सुबह और श्राद्ध दोपहर में है.<br />3. मघा रात 9:40 बजे समाप्त होगी, चंद्रमा सिंह में ही रहेगा.</p>
<h3 style="text-align: justify;">FAQ</h3>
<p style="text-align: justify;"><strong>7 अक्टूबर 2026 को कौन सी तिथि है?</strong><br />नई दिल्ली के Panchang के अनुसार कृष्ण द्वादशी रात 11:16 बजे तक रहेगी. इसके बाद त्रयोदशी शुरू होगी.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>द्वादशी और मघा श्राद्ध 2026 कब हैं?</strong><br />दोनों बुधवार, 7 अक्टूबर 2026 को हैं. द्वादशी श्राद्ध तिथि और मघा श्राद्ध नक्षत्र पर आधारित है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>क्या 7 अक्टूबर को अभिजीत मुहूर्त है?</strong><br />नई दिल्ली के पंचांग में आज अभिजीत मुहूर्त उपलब्ध नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>7 अक्टूबर को दिल्ली में राहुकाल कब है?</strong><br />दोपहर 12:09 से 1:37 बजे तक.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>आज मघा नक्षत्र कब तक रहेगा?</strong><br />रात 9:40 बजे तक. इसके बाद पूर्वाफाल्गुनी नक्षत्र शुरू होगा.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.</strong></p>
Source Credit: abplive.com
Read Full Story
2
Comments (0)