06 Nov 2026, 09:53 PM
Dhanteras Puja Muhurat: आज धनतेरस पर कितने बजे करें लक्ष्मी-कुबेर पूजा? देखें अपने शहर का मुहूर्त
ABP News
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<p style="text-align: justify;"><strong>Dhanteras 2026 Puja Muhurat Today:</strong> आज शुक्रवार, 6 नवंबर 2026 को धनतेरस मनाई जा रही है. शाम को माता लक्ष्मी, भगवान कुबेर और धन्वंतरि की पूजा की जाएगी. दिल्ली में पूजा का शुभ मुहूर्त शाम 6:02 बजे से रात 7:57 बजे तक है. वहीं मुंबई में पूजा शाम 6:35 बजे और कोलकाता में शाम 5:28 बजे शुरू होगी.&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;">ऐसे में अगर आप आज धनतेरस की पूजा करने जा रहे हैं तो अपने शहर का सही समय जरूर जान लें. क्योंकि पूरे देश में धनतेरस एक ही दिन है, लेकिन पूजा का शुभ मुहूर्त हर शहर में एक जैसा नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/B1-FcjjDGrs" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस 2026 पर आज पूजा का शुभ मुहूर्त:</strong></p>
<p style="text-align: justify;">पंचांग के अनुसार, आज कार्तिक कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि है. धनतेरस पर लक्ष्मी-कुबेर पूजा के लिए प्रदोष काल और वृषभ लग्न का विशेष महत्व है.</p>
<p style="text-align: justify;">दिल्ली के लिए आज के प्रमुख समय इस प्रकार हैं.</p>
<ul style="text-align: justify;">
<li><strong>त्रयोदशी तिथि प्रारंभ:</strong> 6 नवंबर, सुबह 10:30 बजे</li>
<li><strong>त्रयोदशी तिथि समाप्त:</strong> 7 नवंबर, सुबह 10:47 बजे</li>
<li><strong>प्रदोष काल:</strong> शाम 5:32 से रात 8:09 बजे तक</li>
<li><strong>वृषभ लग्न:</strong> शाम 6:02 से रात 7:57 बजे तक</li>
<li><strong>लक्ष्मी-कुबेर पूजा मुहूर्त:</strong> शाम 6:02 से रात 7:57 बजे तक</li>
<li><strong>पूजा के लिए शुभ अवधि:</strong> 1 घंटा 56 मिनट</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">इस दौरान घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में लक्ष्मी-कुबेर पूजा की जा सकती है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Dhanteras Puja Muhurat 2026: दिल्ली, मुंबई, कोलकाता समेत 12 शहरों में पूजा का समय</strong></p>
<p style="text-align: justify;">आज धनतेरस पर आपके शहर में कितने बजे पूजा शुरू होगी, इसकी पूरी लिस्ट नीचे दी गई है.</p>
<ul style="text-align: justify;">
<li>दिल्ली शाम 6:02 से 7:57 बजे</li>
<li><a title="नोएडा" href="https://www.abplive.com/topic/noida-news" data-type="interlinkingkeywords">नोएडा</a> शाम 6:01 से 7:57 बजे</li>
<li>गुरुग्राम शाम 6:03 से 7:59 बजे</li>
<li>मुंबई शाम 6:35 से रात 8:35 बजे</li>
<li>कोलकाता शाम 5:28 से 7:26 बजे</li>
<li>बेंगलुरु शाम 6:25 से रात 8:20 बजे</li>
<li>चेन्नई शाम 6:14 से रात 8:10 बजे</li>
<li>हैदराबाद शाम 6:15 से रात 8:13 बजे</li>
<li>जयपुर शाम 6:11 से रात 8:07 बजे</li>
<li>अहमदाबाद शाम 6:30 से रात 8:28 बजे</li>
<li>पुणे शाम 6:32 से रात 8:31 बजे</li>
<li>चंडीगढ़ शाम 6:00 से 7:54 बजे</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;"><strong>दिल्ली में शाम 6:02 बजे पूजा, मुंबई में 33 मिनट बाद क्यों?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर पूजा के समय में अंतर की वजह सूर्यास्त है. भारत के सभी शहरों में घड़ी एक ही समय दिखाती है, लेकिन सूर्यास्त अलग-अलग समय पर होता है.</p>
<p style="text-align: justify;">कोलकाता पूर्व में होने के कारण वहां सूर्यास्त जल्दी होता है. जबकि मुंबई में सूर्यास्त अपेक्षाकृत देर से होता है. इसलिए कोलकाता में पूजा का शुभ समय शाम 5:28 बजे और मुंबई में शाम 6:35 बजे शुरू हो रहा है.</p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर केवल सूर्यास्त ही नहीं, बल्कि प्रदोष काल के साथ वृषभ लग्न का मेल भी देखा जाता है. यही वजह है कि शहर बदलने पर पूजा का मुहूर्त भी बदल जाता है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर वृषभ लग्न में ही पूजा क्यों की जाती है?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">ज्योतिष शास्त्र में वृषभ को स्थिर राशि माना गया है. धार्मिक मान्यता है कि स्थिर लग्न में माता लक्ष्मी की पूजा करने से घर में धन और समृद्धि बनी रहती है.</p>
<p style="text-align: justify;">इसी कारण धनतेरस पर प्रदोष काल के दौरान वृषभ लग्न को विशेष महत्व दिया जाता है. दिल्ली में आज यह समय शाम 6:02 बजे से शुरू हो रहा है.</p>
<p style="text-align: justify;">लेकिन, यह धार्मिक मान्यता है. पूजा करने से धन बढ़ने की कोई वैज्ञानिक गारंटी नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदने और पूजा का मुहूर्त क्या एक ही है?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर सोना, चांदी, बर्तन और अन्य सामान खरीदने की परंपरा है. लेकिन खरीदारी का शुभ मुहूर्त और शाम की लक्ष्मी-कुबेर पूजा का समय अलग-अलग हो सकता है.</p>
<p style="text-align: justify;">खरीदारी के लिए चौघड़िया और अन्य शुभ काल देखे जाते हैं. जबकि शाम की लक्ष्मी-कुबेर पूजा के लिए प्रदोष काल और स्थिर लग्न को प्राथमिकता दी जाती है.</p>
<p style="text-align: justify;">इसलिए अगर आपने दिन में सोना या <a title="चांदी" href="https://www.abplive.com/silver-prices" data-type="interlinkingkeywords">चांदी</a> खरीद ली है तो शाम को अपने शहर के निर्धारित शुभ मुहूर्त में पूजा कर सकते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर आज शाम कैसे करें लक्ष्मी-कुबेर पूजा?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर पूजा के लिए घर के पूजा स्थान की सफाई करें. चौकी पर माता लक्ष्मी, भगवान गणेश और कुबेर देव की प्रतिमा या तस्वीर स्थापित करें. इसके बाद दीपक जलाएं, पुष्प, अक्षत, धूप और मिठाई अर्पित करें.</p>
<p style="text-align: justify;">भगवान धन्वंतरि का स्मरण करें और परिवार के स्वास्थ्य की कामना करें. शाम को यम दीपदान करने की भी परंपरा है. स्थानीय रीति के अनुसार घर के बाहर सुरक्षित स्थान पर दीपक रखा जाता है.</p>
<p style="text-align: justify;">अगर आप दिल्ली से बाहर रहते हैं तो दिल्ली का पूजा मुहूर्त अपनाने के बजाय अपने शहर के अनुसार समय देखें. आज धनतेरस की पूजा के लिए सही समय चुनते समय यही सबसे जरूरी बात है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.<br /></strong></p>
<p style="text-align: justify;">ऐसे में अगर आप आज धनतेरस की पूजा करने जा रहे हैं तो अपने शहर का सही समय जरूर जान लें. क्योंकि पूरे देश में धनतेरस एक ही दिन है, लेकिन पूजा का शुभ मुहूर्त हर शहर में एक जैसा नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><iframe title="YouTube video player" src="https://www.youtube.com/embed/B1-FcjjDGrs" width="560" height="315" frameborder="0" allowfullscreen="allowfullscreen"></iframe></p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस 2026 पर आज पूजा का शुभ मुहूर्त:</strong></p>
<p style="text-align: justify;">पंचांग के अनुसार, आज कार्तिक कृष्ण पक्ष की त्रयोदशी तिथि है. धनतेरस पर लक्ष्मी-कुबेर पूजा के लिए प्रदोष काल और वृषभ लग्न का विशेष महत्व है.</p>
<p style="text-align: justify;">दिल्ली के लिए आज के प्रमुख समय इस प्रकार हैं.</p>
<ul style="text-align: justify;">
<li><strong>त्रयोदशी तिथि प्रारंभ:</strong> 6 नवंबर, सुबह 10:30 बजे</li>
<li><strong>त्रयोदशी तिथि समाप्त:</strong> 7 नवंबर, सुबह 10:47 बजे</li>
<li><strong>प्रदोष काल:</strong> शाम 5:32 से रात 8:09 बजे तक</li>
<li><strong>वृषभ लग्न:</strong> शाम 6:02 से रात 7:57 बजे तक</li>
<li><strong>लक्ष्मी-कुबेर पूजा मुहूर्त:</strong> शाम 6:02 से रात 7:57 बजे तक</li>
<li><strong>पूजा के लिए शुभ अवधि:</strong> 1 घंटा 56 मिनट</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;">इस दौरान घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में लक्ष्मी-कुबेर पूजा की जा सकती है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Dhanteras Puja Muhurat 2026: दिल्ली, मुंबई, कोलकाता समेत 12 शहरों में पूजा का समय</strong></p>
<p style="text-align: justify;">आज धनतेरस पर आपके शहर में कितने बजे पूजा शुरू होगी, इसकी पूरी लिस्ट नीचे दी गई है.</p>
<ul style="text-align: justify;">
<li>दिल्ली शाम 6:02 से 7:57 बजे</li>
<li><a title="नोएडा" href="https://www.abplive.com/topic/noida-news" data-type="interlinkingkeywords">नोएडा</a> शाम 6:01 से 7:57 बजे</li>
<li>गुरुग्राम शाम 6:03 से 7:59 बजे</li>
<li>मुंबई शाम 6:35 से रात 8:35 बजे</li>
<li>कोलकाता शाम 5:28 से 7:26 बजे</li>
<li>बेंगलुरु शाम 6:25 से रात 8:20 बजे</li>
<li>चेन्नई शाम 6:14 से रात 8:10 बजे</li>
<li>हैदराबाद शाम 6:15 से रात 8:13 बजे</li>
<li>जयपुर शाम 6:11 से रात 8:07 बजे</li>
<li>अहमदाबाद शाम 6:30 से रात 8:28 बजे</li>
<li>पुणे शाम 6:32 से रात 8:31 बजे</li>
<li>चंडीगढ़ शाम 6:00 से 7:54 बजे</li>
</ul>
<p style="text-align: justify;"><strong>दिल्ली में शाम 6:02 बजे पूजा, मुंबई में 33 मिनट बाद क्यों?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर पूजा के समय में अंतर की वजह सूर्यास्त है. भारत के सभी शहरों में घड़ी एक ही समय दिखाती है, लेकिन सूर्यास्त अलग-अलग समय पर होता है.</p>
<p style="text-align: justify;">कोलकाता पूर्व में होने के कारण वहां सूर्यास्त जल्दी होता है. जबकि मुंबई में सूर्यास्त अपेक्षाकृत देर से होता है. इसलिए कोलकाता में पूजा का शुभ समय शाम 5:28 बजे और मुंबई में शाम 6:35 बजे शुरू हो रहा है.</p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर केवल सूर्यास्त ही नहीं, बल्कि प्रदोष काल के साथ वृषभ लग्न का मेल भी देखा जाता है. यही वजह है कि शहर बदलने पर पूजा का मुहूर्त भी बदल जाता है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर वृषभ लग्न में ही पूजा क्यों की जाती है?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">ज्योतिष शास्त्र में वृषभ को स्थिर राशि माना गया है. धार्मिक मान्यता है कि स्थिर लग्न में माता लक्ष्मी की पूजा करने से घर में धन और समृद्धि बनी रहती है.</p>
<p style="text-align: justify;">इसी कारण धनतेरस पर प्रदोष काल के दौरान वृषभ लग्न को विशेष महत्व दिया जाता है. दिल्ली में आज यह समय शाम 6:02 बजे से शुरू हो रहा है.</p>
<p style="text-align: justify;">लेकिन, यह धार्मिक मान्यता है. पूजा करने से धन बढ़ने की कोई वैज्ञानिक गारंटी नहीं है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर सोना-चांदी खरीदने और पूजा का मुहूर्त क्या एक ही है?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर सोना, चांदी, बर्तन और अन्य सामान खरीदने की परंपरा है. लेकिन खरीदारी का शुभ मुहूर्त और शाम की लक्ष्मी-कुबेर पूजा का समय अलग-अलग हो सकता है.</p>
<p style="text-align: justify;">खरीदारी के लिए चौघड़िया और अन्य शुभ काल देखे जाते हैं. जबकि शाम की लक्ष्मी-कुबेर पूजा के लिए प्रदोष काल और स्थिर लग्न को प्राथमिकता दी जाती है.</p>
<p style="text-align: justify;">इसलिए अगर आपने दिन में सोना या <a title="चांदी" href="https://www.abplive.com/silver-prices" data-type="interlinkingkeywords">चांदी</a> खरीद ली है तो शाम को अपने शहर के निर्धारित शुभ मुहूर्त में पूजा कर सकते हैं.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>धनतेरस पर आज शाम कैसे करें लक्ष्मी-कुबेर पूजा?</strong></p>
<p style="text-align: justify;">धनतेरस पर पूजा के लिए घर के पूजा स्थान की सफाई करें. चौकी पर माता लक्ष्मी, भगवान गणेश और कुबेर देव की प्रतिमा या तस्वीर स्थापित करें. इसके बाद दीपक जलाएं, पुष्प, अक्षत, धूप और मिठाई अर्पित करें.</p>
<p style="text-align: justify;">भगवान धन्वंतरि का स्मरण करें और परिवार के स्वास्थ्य की कामना करें. शाम को यम दीपदान करने की भी परंपरा है. स्थानीय रीति के अनुसार घर के बाहर सुरक्षित स्थान पर दीपक रखा जाता है.</p>
<p style="text-align: justify;">अगर आप दिल्ली से बाहर रहते हैं तो दिल्ली का पूजा मुहूर्त अपनाने के बजाय अपने शहर के अनुसार समय देखें. आज धनतेरस की पूजा के लिए सही समय चुनते समय यही सबसे जरूरी बात है.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong>Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.<br /></strong></p>
Source Credit: abplive.com
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