Rajasthan
05 Oct 2026, 03:15 PM
राजस्थान में शेखावत-जाट आमने-सामने, FIR की मांग पर कांग्रेस नेता का पलटवार
ABP News
@abpnews
<p style="text-align: justify;">राजस्थान में निकाय चुनाव के बाद अब पंचायत राज चुनाव की घोषणा हो चुकी है, मगर निकाय चुनाव की राजनीति कटुता अब और खुलकर बढ़ गई है. भीलवाड़ा जिले की गुलाबपुरा नगर पालिका चुनाव में कांग्रेस की हार पर पूर्व राजस्व मंत्री और भीलवाड़ा देहात जिला कांग्रेस अध्यक्ष रामलाल जाट के पुलिस अधिकारियों पर दिए गए अशोभनीय बयानों पर भीलवाड़ा में आए केंद्रीय मंत्री गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि मैं पुलिस अधीक्षक से मांग करूंगा कि वह अपने स्तर पर जाट के खिलाफ एफआईआर दर्ज कार्यवाही करें,&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;">वहीं शेखावत के इस बयान पर रामलाल जाट और भड़क गए और बोले की बेईमानी करने वालों का काला मुंह कर कर गधे पर बिठाएंगे और मैं गजेंद्र सिंह शेखावत की एफआईआर से डरने वाला नहीं है अब यह सियासी बयानों का हमला और तेज हो गया है.&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;"><strong><span style="color: #e03e2d;"><a style="color: #e03e2d;" title="जयपुर में युवक ने की आत्महत्या, मौत से पहले वीडियो में पत्नी पर लगाए आरोप" href="https://www.abplive.com/states/rajasthan/jaipur-youth-dies-by-suicide-after-wife-leaves-him-records-video-before-death-ann-3197728" target="_blank" rel="noopener">यह भी पढ़ें: जयपुर में युवक ने की आत्महत्या, मौत से पहले वीडियो में पत्नी पर लगाए आरोप</a></span></strong></p>
<h3>रामलाल जाट ने FIR की मांग उठाई&nbsp;</h3>
<p>पूर्व मंत्री और भीलवाड़ा देहात जिला कांग्रेस के अध्यक्ष राम लाल जाट के गुलाबपुरा पुलिस उप अधीक्षक पर निकाय चुनाव में भूमिका पर दिए गए बयान को लेकर केंद्रीय मंत्री शेखावत आक्रामक मोड में दिखे. उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक भीलवाड़ा को गंभीरता दिखानी चाहिए और अपने अधिकारी के खिलाफ राजनेता ने टिप्पणी की है उसके खिलाफ एफ़ आई आर दर्र्ज करवानी चाहिए.</p>
<h3 style="text-align: justify;">अभद्र व्यवहार पर शेखावत ने जताई नाराजगी&nbsp;</h3>
<p style="text-align: justify;">केंद्रीय मंत्री शेखावात ने कहा कि लोकतंत्र में सरकारी नीतियों और अधिकारी कर्मचारियों के कामकाज की आलोचना का अधिकार सबको है, लेकिन किसी को भी सार्वजनिक तौर पर अपमानित करने का संवैधानिक अधिकार नहीं मिलता है. उन्होंने कहा कि जो नेता पुलिस अधिकारी के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं वह किसी आम नागरिक या पत्रकार के साथ ऐसा व्यवहार कर सकते हैं. उन्होंने भीलवाड़ा पुलिस अधीक्षक से एफ़आईआर दर्ज कर कार्यवाही की मांग भी की.</p>
<h3>रामलाल जाट का पलटवार&nbsp;</h3>
<p>शेखावत के इस बयान का जवाब देते हुए पूर्व मंत्री रामलाल जाट ने कहा कि केंद्रीय मंत्री से मेरे अच्छे संबंध हैं. वे मुझे व्यक्तिगत रूप से भी अपनी नाराजगी बता सकते थे, लेकिन उन्होंने मेरे खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात कही. मैं हमेशा संविधान के दायरे में राजनीति करता आया हूं. हर वर्ष 14 अप्रैल को रक्तदान शिविर आयोजित करता हूं, कई वर्षों से संविधान की किताबें वितरित कर लोगों को संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक करता हूं. इसलिए ऐसी एफआईआर से मैं डरने वाला नहीं हूं. एफआईआर होती है तो न्यायालय और अपने वकीलों से चर्चा करूंगा.</p>
<p style="text-align: justify;">भारतीय जनता पार्टी में पहले इस तरह की राजनीति नहीं थी, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में नेताओं पर पुलिस और प्रशासन के जरिए दबाव बनाने की प्रवृत्ति बढ़ी है. मुझे डराने या दबाने की कोशिश है तो यह सोच अपने दिमाग से निकाल दें.&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;">मैंने कोई अपराध या वित्तीय अनियमितता नहीं की है. मैं ईमानदार अधिकारियों का सम्मान करता हूं और उनकी सराहना भी करता हूं, लेकिन जो अधिकारी संविधान की शपथ लेकर उसके खिलाफ काम करते हैं, उनके खिलाफ आवाज उठाना हमारा अधिकार है. भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ एंटी करप्शन विभाग कार्रवाई करे, हम उनका बचाव नहीं करेंगे. लेकिन अच्छे अधिकारियों को हम सम्मान और प्रोत्साहन देंगे. इसलिए सार्वजनिक रूप से इस तरह की धमकियां नहीं दी जानी चाहिए.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong><span style="color: #e03e2d;"><a style="color: #e03e2d;" title="अजमेर दरगाह को मंदिर बताने वाले परमार को PAK से धमकी, 'केस से पीछे हटो, नहीं तो...'" href="https://www.abplive.com/states/rajasthan/rajvardhan-singh-parmar-who-claimed-ajmer-dargah-is-temple-receives-threat-from-pakistan-ann-3197659" target="_blank" rel="noopener">यह भी पढ़ें: अजमेर दरगाह को मंदिर बताने वाले परमार को PAK से धमकी, 'केस से पीछे हटो, नहीं तो...'</a></span></strong></p>
<p style="text-align: justify;">वहीं शेखावत के इस बयान पर रामलाल जाट और भड़क गए और बोले की बेईमानी करने वालों का काला मुंह कर कर गधे पर बिठाएंगे और मैं गजेंद्र सिंह शेखावत की एफआईआर से डरने वाला नहीं है अब यह सियासी बयानों का हमला और तेज हो गया है.&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;"><strong><span style="color: #e03e2d;"><a style="color: #e03e2d;" title="जयपुर में युवक ने की आत्महत्या, मौत से पहले वीडियो में पत्नी पर लगाए आरोप" href="https://www.abplive.com/states/rajasthan/jaipur-youth-dies-by-suicide-after-wife-leaves-him-records-video-before-death-ann-3197728" target="_blank" rel="noopener">यह भी पढ़ें: जयपुर में युवक ने की आत्महत्या, मौत से पहले वीडियो में पत्नी पर लगाए आरोप</a></span></strong></p>
<h3>रामलाल जाट ने FIR की मांग उठाई&nbsp;</h3>
<p>पूर्व मंत्री और भीलवाड़ा देहात जिला कांग्रेस के अध्यक्ष राम लाल जाट के गुलाबपुरा पुलिस उप अधीक्षक पर निकाय चुनाव में भूमिका पर दिए गए बयान को लेकर केंद्रीय मंत्री शेखावत आक्रामक मोड में दिखे. उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक भीलवाड़ा को गंभीरता दिखानी चाहिए और अपने अधिकारी के खिलाफ राजनेता ने टिप्पणी की है उसके खिलाफ एफ़ आई आर दर्र्ज करवानी चाहिए.</p>
<h3 style="text-align: justify;">अभद्र व्यवहार पर शेखावत ने जताई नाराजगी&nbsp;</h3>
<p style="text-align: justify;">केंद्रीय मंत्री शेखावात ने कहा कि लोकतंत्र में सरकारी नीतियों और अधिकारी कर्मचारियों के कामकाज की आलोचना का अधिकार सबको है, लेकिन किसी को भी सार्वजनिक तौर पर अपमानित करने का संवैधानिक अधिकार नहीं मिलता है. उन्होंने कहा कि जो नेता पुलिस अधिकारी के लिए अभद्र भाषा का इस्तेमाल कर रहे हैं वह किसी आम नागरिक या पत्रकार के साथ ऐसा व्यवहार कर सकते हैं. उन्होंने भीलवाड़ा पुलिस अधीक्षक से एफ़आईआर दर्ज कर कार्यवाही की मांग भी की.</p>
<h3>रामलाल जाट का पलटवार&nbsp;</h3>
<p>शेखावत के इस बयान का जवाब देते हुए पूर्व मंत्री रामलाल जाट ने कहा कि केंद्रीय मंत्री से मेरे अच्छे संबंध हैं. वे मुझे व्यक्तिगत रूप से भी अपनी नाराजगी बता सकते थे, लेकिन उन्होंने मेरे खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की बात कही. मैं हमेशा संविधान के दायरे में राजनीति करता आया हूं. हर वर्ष 14 अप्रैल को रक्तदान शिविर आयोजित करता हूं, कई वर्षों से संविधान की किताबें वितरित कर लोगों को संवैधानिक अधिकारों के प्रति जागरूक करता हूं. इसलिए ऐसी एफआईआर से मैं डरने वाला नहीं हूं. एफआईआर होती है तो न्यायालय और अपने वकीलों से चर्चा करूंगा.</p>
<p style="text-align: justify;">भारतीय जनता पार्टी में पहले इस तरह की राजनीति नहीं थी, लेकिन पिछले कुछ वर्षों में नेताओं पर पुलिस और प्रशासन के जरिए दबाव बनाने की प्रवृत्ति बढ़ी है. मुझे डराने या दबाने की कोशिश है तो यह सोच अपने दिमाग से निकाल दें.&nbsp;</p>
<p style="text-align: justify;">मैंने कोई अपराध या वित्तीय अनियमितता नहीं की है. मैं ईमानदार अधिकारियों का सम्मान करता हूं और उनकी सराहना भी करता हूं, लेकिन जो अधिकारी संविधान की शपथ लेकर उसके खिलाफ काम करते हैं, उनके खिलाफ आवाज उठाना हमारा अधिकार है. भ्रष्टाचार करने वालों के खिलाफ एंटी करप्शन विभाग कार्रवाई करे, हम उनका बचाव नहीं करेंगे. लेकिन अच्छे अधिकारियों को हम सम्मान और प्रोत्साहन देंगे. इसलिए सार्वजनिक रूप से इस तरह की धमकियां नहीं दी जानी चाहिए.</p>
<p style="text-align: justify;"><strong><span style="color: #e03e2d;"><a style="color: #e03e2d;" title="अजमेर दरगाह को मंदिर बताने वाले परमार को PAK से धमकी, 'केस से पीछे हटो, नहीं तो...'" href="https://www.abplive.com/states/rajasthan/rajvardhan-singh-parmar-who-claimed-ajmer-dargah-is-temple-receives-threat-from-pakistan-ann-3197659" target="_blank" rel="noopener">यह भी पढ़ें: अजमेर दरगाह को मंदिर बताने वाले परमार को PAK से धमकी, 'केस से पीछे हटो, नहीं तो...'</a></span></strong></p>
Source Credit: abplive.com
Read Full Story
2
Comments (0)